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अदम गोंडवी हिंदी गजल : वो जिसके हाथ में छाले हैं पैरों में बिवाई है  

अदम गोंडवी हिंदी गजल : वो जिसके हाथ में छाले हैं पैरों में बिवाई है Adam Gondvi Hindi Gazal: Wo Jiske haadh mai chhale hai pairo mai biwaai hai
अदम गोंडवी हिंदी गजल : वो जिसके हाथ में छाले हैं पैरों में बिवाई है Adam Gondvi Hindi Gazal: Wo Jiske haadh mai chhale hai pairo mai biwaai hai

वो जिसके हाथ में छाले हैं पैरों में बिवाई है

उसी के दम से रौनक आपके बंगले में आई है

इधर एक दिन की आमदनी का औसत है चवन्नी का

उधर लाखों में गांधी जी के चेलों की कमाई है

कोई भी सिरफिरा धमका के जब चाहे जिना कर ले

हमारा मुल्क इस माने में बुधुआ की लुगाई है

रोटी कितनी महँगी है ये वो औरत बताएगी

जिसने जिस्म गिरवी रख के ये क़ीमत चुकाई है

 

 

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