Ajmer Sharif Dargah in hindi लगभग 800 साल पहले एक दरवेश (Khwaja moinuddin chishti) सैकड़ों मील का कठिन सफर तय करता हुआ अल्लाह (Allah) का पैगाम लिए जब ईरान (Iran) से हिन्दुस्तान के अजमेर पहुंचा तो जो भी उसके पास आया उसी का होकर रह गया। उसके दर पर दीन-ओ-धर्म, […]

Bhojeshwar Temple History & Story in Hindi भोपाल, मध्य प्रदेश (Madhya paradesh) से लगभग 30 किमी की दूरी पर रायसेन जिले में वेत्रवती नदी के किनारे बसा है तथा इसे “उत्तर भारत का सोमनाथ’ (Somnath)  कहा जाता है। भोजपुर (Bhojpur) विशेषरूप से प्रकृति की गोद में स्थित भव्य शिव मंदिर […]

यूं तो भारत में 51 शक्तिपीठ हैं, लेकिन इनके अलावा भी बहुत से ऐसे मंदिर हैं जो विश्व प्रसिद्ध हैं, जहां जाकर लोगों को अपनी मनवांछित इच्छाओं की प्राप्ति होती है। ऐसा ही एक मंदिर छत्तीसगढ़ में स्थित है निराई माता का मंदिर, Nirai Mata Temple Chhattisgarh आश्चर्य की बात […]

पौराणिक कथाओं के अनुसार एक बार देवताओं ने अपनी हुंकार से सभी दानवों को समाप्त कर देने वाली माँ दुर्गा से शस्त्रों को धारण करने का कारण पूछा तो वहां मौजूद कुछ देवताओं ने इसका कारण माँ दुर्गा का शस्त्रों से दानवों को शुद्ध करने तथा उनकों मुक्ति देने के […]

मध्य प्रदेश के सतना जिले का एक छोटा सा नगर मैहर, जहाँ हिन्दूओं का प्रसिद्ध तीर्थस्थल शारदा माँ का प्रसिद्ध मन्दिर है। कैमूर तथा विंध्य की पर्वत श्रेणियों से घिरा तमसा के तट पर त्रिकूट पर्वत की पर्वत मालाओं के मध्य 600 फुट की ऊंचाई पर स्थित यह मंदिर एक […]

मंत्र क्या है ? । What is Mantra in Hindi अक्सर देखा गया है कि इन्सान वैदिक मन्त्रों को मात्र शब्दों का समूह समझ कर जल्दबाजी में कुछ भी उच्चारण कर देते है । मगर उन लोगों को इस बात को समझना चाहिए कि इन मन्त्रों की तरंगों में बहुत […]

सभी क्रियाओं से खुद को दूर कर आत्मा को विश्राम देना ही नवरात्रों का सही उद्देश्य है। सभी क्रियाओं का तात्पर्य खाना, बोलना, देखना, छूना, सुनना और सूंघना आदि से है । यदि आप इन सभी क्रियाओं से खुद को कुछ समय दूर रखते हैं तो ऐसे समय में मनुष्य […]

6 अप्रैल से चैत्र नवरात्र शुरू हो रहे हैं तथा एकमात्र यही ऐसे नवरात्र होते है जब देशभर में माँ दुर्गा के साथ साथ शीतला माता की भी की जाती है। आपको बता दें कि भारत के कई प्रान्तों में होली का समापन फाग के दिन न होकर रंग पंचमी […]

नवरात्र (Navratri) यानि आदि शक्ति के नौ दिन और वो नौ रातें जो केवल मां दुर्गा (Maa Durga) को ही समर्पित हैं। जिस वक़्त दो ऋतुओं का संगम होता है, तब ब्रह्मांड में असीम शक्तियाँ ऊर्जा के स्वरुप में हमारे तक पहुँचती है, यही समय होता है नवरात्र का। इन […]

धार्मिक पुराणोंनुसार के अनुसार जब सृष्टि की रचना हुयी तो ब्रह्मनाद से शिव प्रकट हुए तो उनके साथ सत, रज और तम गुणों का भी जन्म हुआ, जो शिव के तीन शूल यानी त्रिशूल कहलाए। मगर क्या आप जानते हैं कि भगवान शिव दो तरह से तांडव नृत्य करते हैं। […]