Mangal dosha remedies in hindi : यूं तो किसी भी व्यक्ति की जन्म कुंडली में सभी ग्रह महत्वपूर्ण होते हैं। ग्रहों की अच्छी या खराब स्थिति किसी भी व्यक्ति को रंक से राजा और राजा से रंक बना सकती है। मगर किसी भी व्यक्ति की जनम कुंडली में मंगल की विशेष भूमिका होती है। माना जाता है कि अगर किसी व्यक्ति की कुंडली में मात्र मंगल ग्रह को ठीक कर लिए जाएं तो व्यक्ति बहुत सी परेशानियों से बच सकता है। खुलासा डॉट इन में हम आपको बताते हैं कि कैसे आप जन्म कुंडली में उपस्थित खराब मंगल को ठीक कर सकते हैं।

ऐसी कुंडली पर मंगल का प्रभाव अधिक होता है, जिसके प्रथम, चतुर्थ, सप्तम या द्वादश भाव में मंगल स्थित हो तथा तो ऐसे व्यक्ति को मंगली माना जाता हैं। मंगल अशुभ होने पर ऋण का बढ़ना, भूमि संबंधी कार्यों में परेशानी, शरीर में दर्द रहना, रक्त संबंधी को बीमारी तथा विवाह में देरी होती है |

यदि मंगल अशुभ फल दे रहा है तो हर मंगलवार को मंगल देव के लिए विशेष पूजा-अर्चना करे तथा गरीबों की मदद करें या उन्हें खाना खिलाये। हनुमान जी को मंगल के देवता माना जाता हैं इसलिए मंदिर में लड्डू या बूंदी का प्रसाद बांटे तथा हनुमान चालीसा, हनुमत-स्तवन, हनुमद्स्तोत्र का पाठ जरुर करें। हनुमान मंदिर में गुड़-चने का भोग जरुर लगाये |

ऐसे व्यक्ति को मूंगा धारण करना चाहिए | मंगल मंत्र “ॐ क्रां क्रीं क्रौं स: भौमाया नम:” का 40000 बार जप करें या फिर दशांश तर्पण, मार्जन व खदिर की समिधा से हवन करें। संतान को कष्ट या नुक्सान हो रहा है तो ऐसी स्थिति में नीम का पेड़ लगाये तथा रात्रि को सिरहाने जल से भरा पात्र रखें व सुबह नीम के पेड़ में डाल दें।

ऐसे व्यक्ति को लाल कनेर के फूल, रक्त चंदन आदि को जल में मिलाकर स्नान करना चाहिए । ऐसे व्यक्ति को मूंगा, मसूर की दाल, ताम्र, स्वर्ण, गुड़, घी, जायफल आदि का दान करना चाहिए । ऐसे व्यक्ति को मंगल यंत्र बनवा कर घर में स्थापित करने के बाद विधि-विधानपूर्वक मंत्र जप करना चाहिए |

Read all Latest Post on खेल sports in Hindi at Khulasaa.in. Stay updated with us for Daily bollywood news, Interesting stories, Health Tips and Photo gallery in Hindi
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए khulasaa.in को फेसबुक और ट्विटर पर ज्वॉइन करें