Thiruvananthapuram, 28 अक्टूबर (एजेंसी)। केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने बताया कि उनकी सरकार ने राज्य में हाल में आई बाढ़ और भूस्खलनों के कारण मारे गए लोगों के परिजन को पांच-पांच लाख रुपए मुआवजा देने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री ने एक विज्ञप्ति में बताया कि राज्य सरकार वर्षाजनित हादसों मे अपने मकान और जमीन गंवा चुके लोगों को भी 10-10 लाख रुपए देगी।

उन्होंने बताया कि हालिया आपदाओं में मारे गए लोगों के परिवारों को दिए जाने वाले पांच लाख रुपये में से चार लाख रुपये राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष और शेष एक लाख रुपये मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से दिए जाएंगे। इस संबंध में निर्णय कैबिनेट की बैठक में लिए गए। बैठक में 11 अक्टूबर को आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में शहीद हुए राष्ट्रीय राइफल बटालियन के वैशाख एच के परिवार को वित्तीय सहायता प्रदान किए जाने का भी निर्णय लिया गया।

मुख्यमंत्री ने एक विज्ञप्ति में बताया कि सरकार ने निर्णय लिया है कि वैशाख ने अपने परिवार के लिए घर बनाने के मकसद से जो ऋण लिया था, उसमें से शेष 27.5 लाख रुपये में से सैन्य कल्याण विभाग 10 लाख रुपये का भुगतान करेगा और उसके बाद बची राशि का भुगतान मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से किया जाएगा। जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में एक अभियान के दौरान आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में एक जेसीओ (जूनियर कमीशन ऑफिसर) सहित पांच सैनिक शहीद हो गए थे, जिनमें राष्ट्रीय राइफल बटालिन के वैशाख एच भी शामिल थे।

यह भी पढ़े : जयंत चौधरी ने किया एक करोड़ युवाओं को नौकरियां देने का वादा

इनके अलावा, मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि सोमवार को करंट लगने से मारे गए दो लोगों के परिवारों को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से पांच-पांच लाख रुपये का भुगतान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जीवन योजना के तहत एक परिवार को घर भी उपलब्ध कराया जाएगा। पुलिस के अनुसार, कोच्चि की एक नहर में दो लोग मृत पाए गए थे और उनकी मौत संदिग्ध अवैध इलेक्ट्रोफिशिंग गतिविधि के दौरान करंट लगने से हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदाओं में जिन परिवारों के घरों को 15 प्रतिशत से अधिक नुकसान हुआ है, उन्हें आपदा प्रभावित परिवार माना जाएगा।

Read all Latest Post on खेल sports in Hindi at Khulasaa.in. Stay updated with us for Daily bollywood news, Interesting stories, Health Tips and Photo gallery in Hindi
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए khulasaa.in को फेसबुक और ट्विटर पर ज्वॉइन करें